लखनऊ। अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ गुरुवार को टीईटी अनिवार्यता के खिलाफ गुरुवार को आयोजित बैठक में आगामी आन्दोलनात्मक पहलुओं पर चर्चा करेगा। साथ ही सुप्रीम कोर्ट के निर्णय पर विधिक व प्रशासनिक मुद्दे पर वार्ता करेगा।
महासंघ के प्रदेश महासचिव दिलीप चौहान का कहना है कि टीईटी की अनिवार्यता के आदेश से देश के करीब 25 लाख एवं प्रदेश के करीब 1.86 लाख शिक्षक परिवारों के समक्ष गंभीर आर्थिक एवं सेवा सुरक्षा का संकट गहरा गया है।