, वस्तीः जिले में बिना मान्यता के संचालित हो रहे निजी विद्यालयों को बंद कराने की कार्रवाई तेज हो गई है। बीएसए अनूप कुमार अवैध तरीके से संचालित इन विद्यालयों पर कार्रवाई के लिए खुद ही क्षेत्र में उतर गए हैं। इस वर्ष कुल 97 बिना मान्यता के चल रहे विद्यालयों को बंद कराया गया है। इन में पढ़ रहे बच्चों को परिषदीय विद्यालयों में नामांकित कराने के लिए बीईओ को निर्देशित किया है।

जिले में बिना मान्यता के संचालित हो रहे विद्यालयों को बंद कराने के लिए शिक्षक संगठन ने मांग किया था। इसके लिए संगठन के पदाधिकारी कई बार धरना भी दिए। शिक्षक नेताओं ने ज्ञापन के माध्यम से बीएसए से कहा था कि बिना मान्यता वाले विद्यालयों के चलते परिषदीय विद्यालयों में नामांकन नहीं बढ़ पा रहा है। बेसिक शिक्षा विभाग के अनुसार जिले में कुल 300 विद्यालय बिना मान्यता के संचालित हो रहा है। सभी को नोटिस दी जा चुकी है। उप्र प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष चंद्रिका सिंह ने कहा
- TET अनिवार्यता पर सुनवाई अपडेट : स्टेट ऑफ त्रिपुरा बनाम सजल देब सुप्रीम कोर्ट अपडेट, मिली अगली डेट
- जूनियर एसिस्टेंट 5369 में ऑनलाइन डीवी के समय विभागों की वरीयता देनी होगी।
- बेसिक शिक्षा विभाग के संगठन द्वारा उठाए जाने योग्य प्रमुख मांगें (जनगणना 2026 के संदर्भ में)
- शिक्षकों के खाली पदों के ब्योरे का फर्जी पत्र वायरल
- बड़ा एक्शन: फरार बीएसए-लिपिक पर शिकंजा, कोर्ट से भगोड़ा घोषित कराने की तैयारी
कि जिन विद्यालयों को बंद कराया गया हैं, उनका पुनः संचालन हो रहा है। सोमवार को वाइएसएन एकेडमी डिहूकपुरा कुदरहा बिना मान्यता के संचालित पाया गया, बीएसए ने इसे बंद करा दिया।