बैंक कर्मियों के लिए बड़ी खबर है। बैंकिंग इतिहास में पहली बार बर्खास्त और अनिवार्य सेवानिवृत्त किए गए कर्मियों को भी पेंशन मिलेगी। यह सुविधा यूपी की तीन सहित देश के सभी ग्रामीण बैंकों के कर्मचारियों के लिए होगी। इससे प्रदेश के 1500 से अधिक कर्मचारी लाभांवित होंगे। अब तक किसी भी सरकारी बैंक में अनिवार्य सेवानिवृत्त या बर्खास्त रिटायर कर्मचारियों को पेंशन नहीं मिलती है। मगर अब सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद ग्रामीण बैंकों के अनिवार्य सेवानिवृत्त, बर्खास्त कर्मियों को एक नवंबर 1993 के प्रभाव से पेंशन मिलेगी। केंद्रीय वित्त मंत्रालय ने देश के सभी 43 ग्रामीण बैंकों के प्रबंधन को पेंशन भुगतान संबंधी निर्देश दिए हैं। केंद्रीय वित्त मंत्रालय द्वारा स्पष्ट किया गया कि ग्रामीण बैंक पेंशन रेगुलेशन-2018 के तहत एक अप्रैल 2018 के प्रभाव से उन सभी सेवानिवृत्त कर्मियों को पेंशन दी थी।

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जो एक अप्रैल 2010 के पूर्व सेवा में थे। परन्तु उच्चतम न्यायालय के 12 अगस्त 2024 को दिए गए आदेश के अनुसार अब एक नवंबर 1993 के प्रभाव से पेंशन रेगुलेशन-2018 के तहत पात्र सभी सेवानिवृत्त कर्मियों को पेंशन का भुगतान करना है। जिसमें एक नवंबर 93 के बाद सेवानिवृत्त, मृत, अनिवार्य सेवानिवृत्त, त्याग पत्र देने वाले, बर्खास्त, पेंशन विकल्प पत्र नहीं दे पाने या पीएफ की राशि नहीं लौटाने वाले सभी रिटायर कर्मचारी शामिल हैं। इस विशेष विकल्प के तहत यूपी के तीनों ग्रामीण बैंकों के 1500 से ज्यादा रिटायर कर्मचारिय को पेंशन पाने का अवसर मिलेगा।