गोरखपुर में एकता पदयात्रा के दौरान उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक महत्वपूर्ण ऐलान किया। उन्होंने कहा कि अब प्रदेश के सभी स्कूलों में ‘वंदे मातरम्’ का नियमित और अनिवार्य गायन किया जाएगा। इस फैसले से न केवल छात्रों में राष्ट्रभक्ति की भावना जागेगी, बल्कि यह हमारी सांस्कृतिक पहचान और राष्ट्रीय भावना को भी मजबूती देगा।

- माध्यमिक शिक्षा मंत्री गुलाब देवी ने टॉपर को फोन पर दी बधाई
- वाट्सएप यूनिवर्सिटी को छोड सभी विचारों का सम्मान है: सुप्रीम कोर्ट
- अब हाईस्कूल के छात्रों के लिए भी पत्राचार शिक्षा का रास्ता खुला
- टीईटी : शिक्षकों को देना होगा मानव संपदा कोड और सैलरी स्लिप
- 12वीं पास सेवारत शिक्षक भी अब दे सकेंगे यूपीटीईटी, उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग ने दी सहूलियत
योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में कहा, ”राष्ट्र से बढ़कर कुछ भी नहीं है और ‘वंदे मातरम्’ हमारी राष्ट्रीय भावना का प्रतीक है। यह गीत हमारे देश की संस्कृति और एकता का प्रतीक है।” उन्होंने यह भी याद दिलाया कि ‘वंदे मातरम्’ के 150 साल पूरे हो चुके हैं और इसे बदलने की कोई भी कोशिश कभी सफल नहीं हो सकती।
मुख्यमंत्री ने इस निर्णय के पीछे की सोच को स्पष्ट करते हुए कहा कि यह कदम देश के युवाओं को अपने इतिहास और संस्कृति के प्रति सम्मानजनक दृष्टिकोण विकसित करने में मदद करेगा। ‘वंदे मातरम्’ का गायन न केवल हमारे राष्ट्रीय गौरव को बढ़ाएगा, बल्कि यह हमें एकजुट करने का भी काम करेगा।