बिना टीईटी के पढ़ा रहे डीएलएड प्रशिक्षितों को भी आवेदन करने का मौका
प्रयागराज : शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी)-2026 के लिए आनलाइन आवेदन करने से रविवार को चूके तो जुलाई में होने वाली परीक्षा से वंचित हो जाएंगे। इस परीक्षा का पहली बार आयोजन कर रहा उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग अंतिम तिथि एक बार 26 अप्रैल से बढ़ाकर तीन मई कर चुका है। चूंकि दो, तीन और चार जुलाई को इस परीक्षा के आयोजन की तिथि निर्धारित है, इसलिए अब तिथि बढ़ाए जाने की उम्मीद नहीं है। आयोग ने टीईटी में आवेदन करने की मांग को लेकर हाई कोर्ट गए बिना टीईटी के निजी स्कूलों में पढ़ा रहे डीएलएड प्रशिक्षितों को भी कोर्ट के आदेश पर आवेदन करने का अवसर औपबंधिक रूप से दिया है। शनिवार शाम तक करीब 15 लाख अभ्यर्थियों ने अंतिम रूप से आवेदन किए हैं।
उ. प्र. शिक्षा सेवा चयन आयोग
टीईटी के लिए आयोग 27 मार्च से आनलाइन आवेदन ले रहा है। यह प्रक्रिया वन टाइम रजिस्ट्रेशन (ओटीआर) के माध्यम से कराई जा रही है। इसके लिए जब विज्ञापन जारी किया गया था, तब आवेदन की अंतिम तिथि 26 अप्रैल निर्धारित थी, लेकिन ओटीआर की प्रक्रिया में सर्वर की दिक्कत के कारण आवेदन करने की अंतिम तिथि बढ़ाकर तीन मई की गई थी। अंतिम तिथि बढ़ाने का आदेश 25 अप्रैल को जारी किए जाने के दिन तक 12.59 लाख आवेदन अंतिम रूप से सबमिट
किए गए थे। इस तरह बढ़ी अवधि में 2.41 लाख और अभ्यर्थियों ने
आवेदन किए हैं। इसमें प्राथमिक और उच्च प्राथमिक स्तर की टीईटी के आवेदन शामिल हैं।
आयोग के उप सचिव संजय कुमार सिंह ने बताया कि चूंकि शिक्षक भर्तियों में टीईटी अनिवार्य की जा चुकी है, इसलिए बिना टीईटी के निजी विद्यालयों में पढ़ा रहे डीएलएड प्रशिक्षित भी इसमें आवेदन की मांग को लेकर हाई कोर्ट गए थे। कोर्ट के आदेश पर उन्हें आवेदन करने का अवसर औपबंधिक रूप से दिया गया है। इसके लिए साफ्टवेयर में व्यवस्था बनाई गई है। डीएलएड प्रशिक्षितों के मामले में निर्णय 22 मई को आने की संभावना है, इसलिए उनके आवेदन कोर्ट के निर्णय के अधीन रहेंगे।