स्कूल शिक्षा महानिदेशक मोनिका रानी ने शिक्षामित्रों, अनुदेशकों व रसोईयों को तय तिथि को मानदेय के भुगतान का आश्वासन दिया है। यह जानकारी उत्तर प्रदेश बीटीसी शिक्षक संघ के अध्यक्ष अनिल यादव ने गुरुवार को यहां अपने एक बयान में दी है। उन्होंने बताया कि उनके नेतृत्व में शिक्षकों का एक प्रतिनिधिमंडल आज स्कूल शिक्षा महानिदेशक से उनके कार्यालय में मिला था। उन्होंने बताया कि प्रतिनिधिमंडल ने स्कूल शिक्षा महानिदेशक को बताया कि प्रदेश भर के शिक्षामित्रों, अनुदेशकों तथा रसोइया को समय पर मानदेय नहीं मिलता। मिलता भी है तो दो या तीन माह बाद मिलता है। इसकी भी कोई निर्धारित तिथि तय नहीं है परिणामस्वरूप तीनों संवर्ग के कर्मी मानदेय की बाट जोहते रहते हैं।

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लिहाजा मानदेय को प्रत्येक माह की एक या दो तारीख को शिक्षकों की तरह उनके खातों में भी भुगतान करने की व्यवस्था की जाए। संगठन के अध्यक्ष ने बताया कि स्कूल शिक्षा महानिदेशक ने इस दौरान प्रतिनिधिमंडल संगठन की मांगों को उचित ठहराते हुए आश्वस्त दिया कि समस्याओं का निराकरण जल्द कराया जाएगा। साथ ही जल्द ही जिलों को भी इस बारे में स्पष्ट निर्देश जारी किए जाएंगे। प्रतिनिधिमंडल ने महानिदेशक के समक्ष प्रदेश में बड़ी संख्या में परिषदीय विद्यालयों में छात्र-छात्राओं के लिए अभी तक फर्नीचर की व्यवस्था नहीं है या फिर आधी अधूरी व्यवस्था है, उसको पूरा कराने तथा प्रदेश में शौचालय विहीन विद्यालयों में कायाकल्प योजना के माध्यम से शौचालयों का निर्माण कराए जाने की भी मांग की गई। इससे पूर्व राजधानी के दारुल शफा में संगठन के प्रांतीय पदाधिकारियों की बैठक हुई जिसमें शिक्षकों एवं शिक्षा से जुडी समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई।